Lovense की AI डॉल: वेटिंग लिस्ट में आने के लिए देने होंगे $200

लास वेगास – Lovense, वो कंपनी जिसने इंटरनेट-कनेक्टेड एडल्ट टेक की दुनिया में अपनी बादशाहत कायम की है, अब एक नए मोर्चे पर फतह हासिल करना चाहती है—इंसानी जज़्बात। CES 2026 में, इस सेक्स-टेक दिग्गज ने अपनी ‘AI कंपैनियन डॉल’ (AI Companion Doll) पेश की है। यह एक जीती-जागती दिखने वाली रोबोट है जिसे अकेलेपन से लड़ने के लिए डिज़ाइन किया गया है। दिलचस्प बात यह है कि इस डॉल की वेटिंग लिस्ट में अपना नाम लिखवाने के लिए ही कंपनी अभी से $200 (करीब ₹16,500) वसूल रही है।

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इसमें Lovense का खास “अडैप्टिव एआई” (adaptive AI) लगा है। कंपनी का दावा है कि यह डॉल न सिर्फ आपसे बातें कर सकती है, बल्कि पिछली मुलाकातों को याद भी रख सकती है। इसके सिर में लगे सूक्ष्म मोटर्स (servos) की बदौलत यह इंसानों जैसे चेहरे के हाव-भाव भी दिखा सकती है। कंपनी के मुताबिक, इसका मकसद यूज़र्स को मानसिक और भावनात्मक स्तर पर एक ऐसा साथी देना है जो वक्त के साथ उनके साथ विकसित हो। और जैसा कि उम्मीद थी, यह Lovense के बाकी सभी कनेक्टेड डिवाइसेस के साथ भी बखूबी तालमेल बिठा लेती है।

एआई पार्टनरशिप की दुनिया में यह कदम टेलीडिल्डोनिक्स (teledildonics) को एक नए पायदान पर ले जाता है, जहाँ तकनीक अब ‘थेरेपी’ का चोला ओढ़ रही है। कंपनी का दावा है कि यह डॉल यूज़र्स का आत्मविश्वास बढ़ाने और उन्हें असल दुनिया के लोगों के साथ जुड़ने के लिए बेहतर तरीके से तैयार करने में मदद करेगी। हालांकि, क्या अपनी भावनात्मक ज़रूरतों के लिए एक सिलिकॉन पार्टनर पर निर्भर होना समाज के बढ़ते अकेलेपन का कोई ठोस समाधान है या बस एक हाई-टेक पट्टी, यह एक बड़ी बहस का मुद्दा है—जैसा कि हमने पहले भी चर्चा की थी कि क्या स्काईनेट भूल जाइए: रोबोट्स का बढ़ता लाड़-प्यार है असली खतरा

यह खबर क्यों अहम है?

AI कंपैनियन मार्केट में Lovense की एंट्री सेक्स-टेक और एआई-रिलेशनशिप के बीच बढ़ती नजदीकियों का एक बड़ा संकेत है। यह एक ऐसा बाजार है जो 30% से भी ज़्यादा की सालाना विकास दर (CAGR) से बढ़ रहा है। जहाँ अब तक लोग सिर्फ चैटबॉट्स से “इश्क” फरमा रहे थे, वहीं एक बोलता-चालता शरीर और हैप्टिक डिवाइसेस का नेटवर्क इस अनुभव को एक अलग ही स्तर पर ले जाता है। लेकिन इसके साथ ही मशीनों पर बढ़ती भावनात्मक निर्भरता और सबसे निजी पलों में डेटा प्राइवेसी जैसे पेचीदा सवाल भी खड़े होते हैं—खासकर Lovense के पुराने सुरक्षा रिकॉर्ड को देखते हुए। क्या ये “साथी” वाकई इंसानी रिश्तों की कमी को पूरा कर पाएंगे या हमें अपनों से और दूर कर देंगे?